चंडीगढ़, 19 अगस्त। हरियाणा के मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी ने केन्द्र सरकार और भारतीय खाद्य निगम (एफसीआई) द्वारा शुरू की गई व्यापक सुधार पहलों की सराहना करते हुए कहा कि देश के व्यापक खाद्य खरीद कार्यों की दक्षता बढ़ाने में इन सुधारों की अहम भूमिका है।
केन्द्रीय उपभोक्ता मामले, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्रालय के खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण विभाग द्वारा खरीद सुधारों पर आयोजित राज्य स्तरीय कार्यशाला के उद्घाटन सत्र में बोलते हुए, रस्तोगी ने कहा कि खरीद प्रक्रिया एक बड़ा काम है, जिसके लिए निरंतर नवाचार और व्यवस्थित सुधार की आवश्यकता है।
श्री रस्तोगी ने खास तौर पर, किसानों की फसल खरीद के लिए सीधे बैंक भुगतान सुनिश्चित करने की केंद्र सरकार की अभूतपूर्व पहल की प्रशंसा करते हुए इसे कृषि नीति में एक परिवर्तनकारी मील का पत्थर बताया। उन्होंने बताया कि हरियाणा ने इस प्रणाली को सफलतापूर्वक अपनाया है। अब किसान खरीद केंद्रों पर अपनी उपज जमा कर सकते हैं और उपज गोदामों में पहुँचने तक अपने खातों में सीधे भुगतान प्राप्त कर सकते हैं। मुख्य सचिव ने बताया कि इस सुव्यवस्थित दृष्टिकोण से पारंपरिक बाधाएं दूर हुई हैं तथा किसानों और सरकारी एजेंसियों के बीच विश्वास बढ़ा है।
मुख्य सचिव श्री रस्तोगी ने 1990 के दशक में उपायुक्त, एडीसी और एसडीएम के रूप में अपने व्यापक प्रशासनिक अनुभव का हवाला देते हुए, दशकों में हुई महत्वपूर्ण प्रगति का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि उस समय किसानों को भुगतान में देरी और मनमानी कटौती की चिंता लगी रहती थी। लेकिन प्रत्यक्ष लाभ हस्तांतरण के कार्यान्वयन के साथ, इन दीर्घकालिक चुनौतियों का काफी हद तक समाधान हो गया है। उन्होंने कहा कि पहले आढ़तियों द्वारा किए जाने वाले भुगतान में कई तरह की दिक्कतें आती थीं। लेकिन अब आधिकारिक भुगतान पूरी तरह से सुरक्षित और पारदर्शी हैं।
श्री रस्तोगी ने कहा कि देशभर में बड़े पैमाने पर खरीद कार्यों को देखते हुए, चुनौतियाँ अपरिहार्य हैं। उन्होंने कहा कि आज से पाँच या दस साल बाद भी नए मुद्दे सामने आ सकते हैं। लेकिन सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि मज़बूत नीतिगत ढाँचे और समय पर हस्तक्षेप करके निरंतर सुधार के लिए हमारी अटूट प्रतिबद्धता है। उन्होंने कहा कि सफल कृषि सुधारों के लिए केंद्र और राज्य सरकारों के बीच निरंतर सहयोग के साथ-साथ कृषक समुदायों की सक्रिय भागीदारी भी आवश्यक है।
केन्द्र सरकार और एफसीआई, दोनों को उनके प्रगतिशील दृष्टिकोण के लिए बधाई देते हुए, श्री रस्तोगी ने आगामी सुधारों के प्रति गहरी आशा व्यक्त की। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि भविष्य की पहलों से खरीद प्रक्रियाओं को और मज़बूत मिलेगी। साथ ही, इससे हरियाणा और देश भर के किसानों को सीधे तौर पर बेहतर लाभ मिलेगा।
खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग के प्रधान सचिव श्री डी. सुरेश ने कहा कि हालांकि हरियाणा में देश की 2 प्रतिशत जनसंख्या निवास करती है, फिर भी गेहूँ और चावल उत्पादन में यह दूसरा सबसे बड़ा योगदानकर्ता है, जिससे यहां के किसानों की कड़ी मेहनत और लचीलेपन का पता चलता है।
इस अवसर पर एफसीआई के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक आशुतोष अग्निहोत्री, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण विभाग की संयुक्त सचिव सी. शिखा और अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी उपस्थित थे।