चंडीगढ़ 29 अगस्त। हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ग्लोबल साउथ की भूमिका पर बल दे रहे हैं और विकासशील देशों की आवाज़ को मजबूती से उठा रहे हैं। आज जब पूरी दुनिया “ग्लोबल साउथ“ की ओर देख रही है इसमें सामूहिक विकास के लिए सहयोग और साझेदारी की ज़रूरत है।
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी आज नई दिल्ली के ताज पैलेस में कॉन्फेडरेशन ऑफ इंडियन इंडस्ट्री (सीआईआई) द्वारा आयोजित 20वें इंडिया—अफ्रीका बिजनेस कॉन्क्लेव – 2025 को सम्बोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री ने कहा कि ग्लोबल साउथ की एकता से ही वैश्विक समस्याओं का समाधान संभव है। उनकी इसी सोच पर भारत और अफ्रीका मिलकर एक ऐसे भविष्य का निर्माण कर रहे हैं, जो आपसी विश्वास एवं सहयोग पर आधारित है जो कि प्रौद्योगिकी और समावेशी समृद्धि से पोषित है। भारत-अफ्रीका के संबंध केवल बिजनेस से ही नहीं जुड़े हैं, बल्कि इन दोनों देशों का रिश्ता ऐतिहासिक और सांस्कृतिक मूल्यों से भी जुड़ा हुआ है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत और अफ्रीका के बीच द्विपक्षीय व्यापार वर्ष 2006 में 25 बिलियन अमेरिकी डॉलर से बढ़कर अब 83 बिलियन अमेरिकी डॉलर से ऊपर पहुंच गया है। यह वृद्धि हमारे देशों के बीच बढ़ते आर्थिक जुड़ाव और अवसरों को दर्शाती है। भारत आज अफ्रीका के शीर्ष पांच व्यापारिक भागीदारों में से एक है। इस साझेदारी में व्यापार, निवेश, प्रौद्योगिकी, मूल्य श्रृंखला और विकास जैसे विविध आयाम शामिल है।
सैनी ने कहा कि हमारी सह-भागीदारी ऊर्जा, स्वास्थ्य, डिजिटल पब्लिक गुड्स, कौशल विकास, कृषि और शिक्षा जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों में लगातार बढ़ रही है। उन्होंने कहा कि सीआईआई के सहयोग से बिजनेसमैन, नीति निर्माता और उद्योग विशेषज्ञ एक साथ आकर विचार-मंथन करते हुए भविष्य की साझेदारी को नई दिशा दे रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह कॉन्क्लेव केवल बैठकों तक सीमित नहीं है, बल्कि उद्यम-प्रेरित सांझेदारियों का एक जीवंत मंच है। भारतीय कृषि का राष्ट्र की अर्थव्यवस्था में महत्वपूर्ण योगदान है। यह रोजगार देने का प्रमुख क्षेत्र है। ग्लोबल वार्मिंग की चुनौतियों के बावजूद भारत कृषि के कई उत्पादों के मामलों में ग्लोबल लीडर है।
सैनी ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में कृषि क्षेत्र का अभूतपूर्व विकास हो रहा है तथा किसान समृद्ध हो रहे हैं। देश के कृषि क्षेत्र में उत्पादन बढ़ाने, संसाधनों के प्रबंधन और बाजार की पहुंच के लिए तकनीक और नवाचार पर बल दिया जा रहा है। कृषि उत्पादन बढ़ाने के साथ उसे टिकाऊ, लाभदायक व्यवसाय बनाना ही हमारा मुख्य विजन है।
मुख्यमंत्री ने किसानों को दी जा रही सुविधाओं के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि फसल बेचने के साथ-साथ खाद, बीज, ऋण और कृषि उपकरणों के लिए ’मेरी फसल-मेरा ब्योरा पोर्टल शुरू किया है। किसानों को अपनी उपज को एम.एस.पी. पर बेचने और ’ई-खरीद’ पोर्टल के माध्यम से समय पर भुगतान करने की सुविधा प्रदान की जा रही है। जल संरक्षण और भूमिगत जल स्तर में सुधार के लिए भी अनेक कदम उठाए गए हैं। धान के स्थान पर अन्य फसलों को उगाने के लिए 8000 रुपए प्रोत्साहन राशि दी जा रही है। इसके अलावा धान की सीधी बिजाई करने के लिए 10 हजार रुपए प्रति हेक्टेयर की प्रोत्साहन राशि दी जा रही है। सूक्ष्म सिंचाई पद्धतियों पर 85 प्रतिशत सब्सिडी दी जा रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों की आय बढ़ाने की दिशा में नई पहल की है। मिट्टी के स्वास्थ्य को बेहतर बनाने के लिए जैविक और प्राकृतिक खेती को बढावा दिया जा रहा है। कृषि कार्यों में सौर ऊर्जा के उपयोग को बढावा देना और सौर पम्पों की स्थापना अक्षय ऊर्जा की दिषा में अहम कदम है। डिजिटल प्लेटफार्म के माध्यम से सीधे किसानों को बाजार से जोड़ने हेतु 108 मंडियों को ई—नेम से जोड़ा गया है। इस कॉन्क्लेव का उद्देश्य जल संरक्षण और जलवायु स्मार्ट खेती के मुख्य बिन्दुओं से मेल खा रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा उद्यमियों के लिए खाद्य प्रसंस्करण नीति अनुसार ईकाइयां स्थापित करने के लिए वित्तीय प्रोत्साहन दिए जा रहे हैं। इनसे युवा नेतृत्व वाली उद्यमिता को बढ़ावा मिल रहा है। प्रदेश में युवाओं के लिए 9500 स्टार्टअप शुरू किए गए हैं। उन्होंने कहा कि स्टार्टअप में महिलाओं की भागीदारी 50 से बढ़ाकर 60 प्रतिशत करने का लक्ष्य रखा गया है। उन्होंने मंच के माध्यम सभी भागीदारों से कहा कि हम मिलकर काम करें और अपने अनुभवों को सांझा करें और सर्वोत्तम पद्धतियों का आदान-प्रदान करें। मुख्यमंत्री ने सीआईआई द्वारा लगाई गई प्रदर्शनी का भी अवलोकन किया।
भारत-अफ्रीका बिजनेस कॉन्क्लेव में मॉरीशस गणराज्य के वाणिज्य एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री श्री जॉन माइकल येन सिक युन, साउथ अफ्रीका गणराज्य के वाणिज्य उद्योग एवं प्रतिस्पर्धा मंत्री श्री पार्क म्फो ताओ, गिनी बिसाऊ गणराज्य के कृषि एवं ग्रामीण विकास मंत्री श्री क्वेटा बेल्डे, विदेश मंत्रालय, भारत सरकार की सचिव डॉ. नीना मल्होत्रा, सीसीआई के नामित अध्यक्ष श्री आर. के मुकुंदन, हरियाणा सीसीआई के अध्यक्ष श्री अभिमन्यु सराफ सहित सभी ने अपने विचार साझा किए।
इस अवसर पर हरियाणा विदेश सहयोग विभाग की आयुक्त एवं सचिव अमनीत पी. कुमार सहित कई उच्च अधिकारी मौजूद रहे।