चंडीगढ़, 22 अगस्त। आर्थिक रूप से कमजोर और जरूरतमंद परिवारों की बेटियों को सम्मान के साथ नई जिंदगी की शुरुआत करने के लिए सहायता प्रदान करने की अपनी प्रतिबद्धता को दोहराते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार द्वारा आशीर्वाद योजना के तहत वित्तीय वर्ष 2025-26 और 2026-27 के दौरान अब तक 75,199 लाभार्थियों को 383.52 करोड़ रुपये की वित्तीय सहायता जारी की गई है। यह जानकारी पंजाब के सामाजिक न्याय, अधिकारिता और अल्पसंख्यक मंत्री डॉ. बलजीत कौर ने दी।
डॉ. बलजीत कौर ने कहा कि आशीर्वाद योजना पंजाब सरकार की उस प्रतिबद्धता का प्रतीक है, जिसके तहत योग्य परिवारों को बेटियों के विवाह के समय वित्तीय सहायता देकर उन्हें सम्मान, आत्मविश्वास और आर्थिक सुरक्षा प्रदान की जा रही है।
अधिक विवरण साझा करते हुए कैबिनेट मंत्री ने बताया कि वित्तीय वर्ष 2025-26 के दौरान पंजाब सरकार द्वारा अनुसूचित जाति वर्ग से संबंधित 42,203 लाभार्थियों को बेटियों के विवाह के लिए 215.24 करोड़ रुपये जारी किए गए। इसके अलावा आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों (ईडब्ल्यूएस) और पिछड़ी श्रेणियों से संबंधित 20,212 लाभार्थियों को 103.08 करोड़ रुपये की वित्तीय सहायता प्रदान की गई।
उन्होंने आगे बताया कि वित्तीय वर्ष 2026-27 के दौरान अब तक अनुसूचित जाति वर्ग के 8,774 लाभार्थियों को 44.75 करोड़ रुपये और आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों और पिछड़ी श्रेणियों के 4,010 लाभार्थियों को 20.45 करोड़ रुपये की सहायता जारी की गई है।
डॉ. बलजीत कौर ने बताया कि आशीर्वाद योजना के तहत हर पात्र लाभार्थी को बेटी के विवाह के लिए 51,000 रुपये की वित्तीय सहायता दी जाती है। उन्होंने कहा कि एक परिवार की दो बेटियाँ भी इस योजना का लाभ लेने के लिए पात्र हैं, जिससे अधिक से अधिक जरूरतमंद परिवारों को समय पर सहायता मिल रही है।
उन्होंने बताया कि योजना का लाभ लेने के लिए लाभार्थी का पंजाब का स्थायी निवासी होना अनिवार्य है, परिवार गरीबी रेखा से नीचे का होना चाहिए और परिवार की सभी स्रोतों से वार्षिक आय 32,790 रुपये से अधिक नहीं होनी चाहिए।
कैबिनेट मंत्री ने कहा कि पारदर्शिता और प्रभावी सेवा प्रदान करना सुनिश्चित करने के लिए वित्तीय सहायता डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (डीबीटी) प्रणाली के माध्यम से सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में जमा करवाई जाती है, जिससे राशि के समय पर और पारदर्शी वितरण को सुनिश्चित किया जाता है।
डॉ. बलजीत कौर ने पंजाब सरकार की लोक-हितैषी प्रतिबद्धता को दोहराते हुए सभी जिला अधिकारियों और विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए कि कोई भी पात्र लाभार्थी आशीर्वाद योजना के लाभ से वंचित न रहे। उन्होंने अधिकारियों को पात्र आवेदनों का त्वरित निपटान करने के लिए कहा ताकि हर हकदार परिवार को अपनी बेटियों के विवाह से पहले बिना किसी देरी या परेशानी के वित्तीय सहायता मिल सके।
डॉ. बलजीत कौर ने कहा कि पंजाब सरकार गरीब, आर्थिक रूप से कमजोर और पिछड़े वर्गों को समाज की मुख्य धारा में लाने के लिए लगातार प्रयासरत है। उन्होंने कहा कि सरकार की लोक-कल्याण योजनाओं का उद्देश्य हर वर्ग का समावेशी विकास सुनिश्चित करना है ताकि राज्य में समानता, सम्मान और अवसरों के आधार पर एक समृद्ध एवं समावेशी ‘रंगला पंजाब’ का सृजन किया जा सके।


